गर्भावस्था का नौवां महीना एक खास समय होता है। इस समय माँ का शरीर डिलीवरी की तैयारी कर रहा होता है और कई नए बदलाव महसूस होते हैं। इन्हीं बदलावों में से एक है योनि से सफेद पानी आना। यह अनुभव कई महिलाओं को थोड़ा असहज और चिंतित कर देता है। मन में तुरंत सवाल उठता है, प्रेगनेंसी में 9 महीने में सफेद पानी क्यों आता है, क्या यह सामान्य है या किसी समस्या का संकेत?
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गर्भावस्था की शुरुआत के साथ ही महिला के शरीर में कई बदलाव होने लगते हैं। इनमें से कुछ बदलाव साफ दिखाई देते हैं, जबकि कुछ अंदर ही अंदर होते हैं। उन्हीं में से एक आम लेकिन थोड़ा परेशान करने वाला लक्षण है, बार-बार पेशाब आना। बहुत सी महिलाएँ शुरुआत में इसे समझ नहीं पातीं और सोचती हैं कि कहीं यह किसी बीमारी का संकेत तो नहीं। दरअसल, शरीर नई स्थिति के अनुसार खुद को ढाल रहा होता है, और यही बदलाव इस तरह के लक्षणों के रूप में महसूस होते हैं। सही जानकारी होने से घबराहट कम होती है और आत्मविश्वास बढ़ता है।
पीरियड महिलाओं के स्वास्थ्य का एक महत्वपूर्ण संकेत होता है। जब मासिक धर्म समय पर आता है, तो यह दर्शाता है कि शरीर का हार्मोनल सिस्टम सही तरीके से काम कर रहा है। लेकिन जब लगातार दो महीने तक पीरियड नहीं आता, तो चिंता होना स्वाभाविक है। ऐसे में मन में सबसे बड़ा सवाल यही उठता है - 2 महीने से पीरियड नहीं आया तो क्या करें?
दिव्य गर्भ संस्कार विज्ञान
गर्भावस्था की सबसे रोमांचक चीजों में से एक होती है यह जानना कि बच्चे के जन्म की तारीख कैसे पता करें। हर माँ-बाप यह जानने के लिए उत्सुक रहते हैं कि उनके शिशु का जन्म कब होगा। सही डिलीवरी डेट जानना न केवल तैयारी के लिए आवश्यक होता है, बल्कि इससे गर्भावस्था के हर चरण की देखभाल करने में भी मदद मिलती है।

