गर्भावस्था का चौथा महीना दूसरी तिमाही की शुरुआत का समय होता है, जब आमतौर पर महिला खुद को पहले की तुलना में थोड़ा बेहतर महसूस करने लगती है। इस दौरान मतली कम हो जाती है, भूख बढ़ने लगती है और शरीर गर्भ के अनुसार संतुलन बनाने लगता है।
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पीसीओएस और पीसीओडी के लिए आहार और उपचार
कई महिलाओं और कपल्स के मन में यह सवाल होता है कि पीरियड के 2 दिन पहले संबंध बनाना चाहिए या नहीं। कुछ लोग इसे पूरी तरह सुरक्षित मानते हैं, जबकि कुछ को गर्भधारण, इंफेक्शन या दर्द का डर रहता है। पीरियड से पहले शरीर में कई हार्मोनल बदलाव होते हैं, जिनका सीधा असर यौन इच्छा, मूड और शारीरिक आराम पर पड़ता है।
पीरियड बंद होना यानी मेनोपॉज़, महिलाओं के जीवन का एक प्राकृतिक हिस्सा है। आमतौर पर यह 45–55 साल की उम्र में होता है, लेकिन कभी-कभी यह जल्दी या देर से भी हो सकता है। इस समय शरीर में कई हार्मोनल बदलाव आते हैं, जो शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर असर डालते हैं। पीरियड बंद होने के बाद क्या होता है यह जानना हर महिला के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह चरण जीवन में नई चुनौतियाँ और बदलाव लेकर आता है।
दिव्य गर्भ संस्कार विज्ञान
गर्भावस्था के समय आहार को लेकर महिलाओं में कई सवाल होते हैं, खासकर फलों को लेकर। "क्या प्रेगनेंसी में आम खा सकते हैं?" — यह सवाल गर्मी के मौसम में अधिक पूछा जाता है क्योंकि आम इस मौसम का राजा फल है। इस लेख में हम जानेंगे गर्भवती महिलाओं के लिए आम के फायदे, नुकसान और कौनसे प्रकार के आम सुरक्षित होते हैं।
अंडाशय महिला प्रजनन स्वास्थ्य का अहम हिस्सा है। यदि आप गर्भधारण की योजना बना रही हैं, तो यह जानना जरूरी है कि अंडाशय की कार्यक्षमता (Ovarian Function) कब सही नहीं होती और डॉक्टर से कब परामर्श लेना चाहिए। अंडाशय न सिर्फ अंडाणुओं का उत्पादन करता है, बल्कि हार्मोन जैसे एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन का स्राव भी करता है, जो मासिक चक्र और संपूर्ण महिला स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण हैं।

